Kargil Yuddha

Kargil Yuddha

Kargil Yuddha

The success of the book created a demand among Hindi readers. Shikha translated the book into Hindi, and Prabhat, a Hindi publisher, will soon publish the same book in Hindi under the title "कारगिल युद्धवीरता और देशभक्ति की सत्य गाथा".

Link of the book on Amazon     Buy Now

Publisher:  Prabhat Prakashan Pvt. Ltd. (18 July 2024); New Delhi-110002 (PH: 7827007777) Email: prabhatbooks@gmail.com

Language:  Hindi

Paperback:  232 pages

ISBN-10:  935562915X

ISBN-13:  978-9355629159

Country of Origin:  India

Customer Reviews: 4.9 out of 5 stars

The Book: कारगिल युद्ध

कारगिल में भारत को शानदार जीत के दो दशक बाद भी युद्ध की कहानियाँ और विवरण बहुत गर्व के साथ सुनाए जाते हैं। फिर भी एक महत्त्वूपर्ण पक्ष को काफी हद तक अनदेखा किया गया हैवह है — सैनिकों की पत्लियाँ। इस मार्मिक एवं पठनीय पुस्तक में आर्टिलरी अधिकारी कैप्टन अखिलेश सक्सेना की पत्नी शिखा अखिलेश सक्सेना ने युद्ध के दौरान सैन्य अधिकारियों के परिवारों द्वारा झेली गई यंत्रणा का वर्णन किया है।

एक युवा जोड़े के रूप में शिखा और अखिलेश अप्रत्याशित रूप से खुद को युद्ध के बीच में पाते हैं। शिखा ने अपने और अखिलेश के अनुभवों को बहुत ही कुशलता से दरशाया हैजिन्होंने तोलोलिंगद हंप और श्री पिंपलल्‍स के मिशन में भाग लिया था। एक सैनिक को क्या-क्या सहना पड़ता हैजब वह लगभग आत्मघाती मिशन पर जाता है और युद्ध में गंभीर रूप से घायल होने के बाद भी जीवित रहनेयहाँ तक कि अपने अस्तित्व के लिए क्या-क्या करना पड़ता है ?

यह विस्तृत वृत्तांत भारतीय सैनिकों के असीम साहस और पराक्रम को दरशाता हैसाथ ही युद्ध के दौरान तथा उसके बाद उनके परिवारों द्वारा अनुभव की गई भावनात्मक पीड़ा भी व्यक्त करता है। यह पुस्तक उन पुरुषों और महिलाओं के साहसदृढ़ संकल्प और देशभक्ति की कहानी हैजो देश कौ रक्षा के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर देते हैं।

राष्ट्रभक्तिसाहसपराक्रम और गौरव का बोध कराने वाली एक भावधपूर्ण प्रेरक पुस्तक।